GAIL subsidiary GMPL is reviving its 1.25 MMTPA PTA plant in Mangalore, Karnataka. The facility will produce G-Tex, GAIL’s new PTA brand for India’s textile and polyester industries.
सार्वजनिक क्षेत्र की गैस कंपनी GAIL (India) Limited की सहायक कंपनी GAIL Mangalore Petrochemicals Limited (GMPL) कर्नाटक के मंगलुरु स्थित अपने 1.25 मिलियन मीट्रिक टन प्रति वर्ष (MMTPA) प्योरिफाइड टेरेफ्थैलिक एसिड (PTA) प्लांट को दोबारा शुरू करने की तैयारी में है। कंपनी इस संयंत्र में तैयार होने वाले PTA को अपने नए ब्रांड ‘G-Tex’ के नाम से घरेलू बाजार में उतारेगी।
PTA पॉलिएस्टर और टेक्सटाइल उद्योग के लिए एक महत्वपूर्ण कच्चा माल है। इसके उत्पादन से देश के घरेलू टेक्सटाइल और पॉलिएस्टर क्षेत्र को घरेलू स्तर पर कच्चे माल की उपलब्धता बढ़ाने में मदद मिलने की उम्मीद है।
GMPL को जनवरी 2026 में प्लांट के संचालन के लिए आवश्यक पहली Paraxylene (PX) फीडस्टॉक कार्गो प्राप्त हुई थी। इसके बाद कंपनी ने प्रक्रिया तकनीक के लाइसेंसर INEOS के साथ मिलकर संयंत्र की परिचालन क्षमता और प्रक्रियाओं को बेहतर बनाने पर काम किया है।
कंपनी के मुताबिक, प्लांट को दोबारा चालू करने की प्रक्रिया ऐसे समय में आगे बढ़ रही है, जब GAIL ने वित्त वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही में मजबूत वित्तीय प्रदर्शन किया है। Q1 FY27 में GAIL का स्टैंडअलोन शुद्ध लाभ ₹4,292 करोड़ रहा।
PTA प्लांट के पुनरुद्धार को GAIL की पेट्रोकेमिकल कारोबार में अपनी मौजूदगी मजबूत करने की रणनीति का अहम हिस्सा माना जा रहा है। ‘G-Tex’ ब्रांड के जरिए कंपनी घरेलू टेक्सटाइल और पॉलिएस्टर निर्माताओं को PTA की आपूर्ति करने और इस क्षेत्र में अपनी बाजार हिस्सेदारी बढ़ाने की दिशा में आगे बढ़ रही है।
1.25 MMTPA क्षमता वाला मंगलुरु संयंत्र पूरी क्षमता से संचालन में आने के बाद भारत के PTA बाजार में घरेलू उत्पादन को बढ़ावा दे सकता है। इससे टेक्सटाइल वैल्यू चेन में कच्चे माल की उपलब्धता मजबूत होने और आयात पर निर्भरता कम करने में भी मदद मिलने की संभावना है।
